8 माह बाद भी नहीं हुई क्षतिग्रस्त सुरक्षा दीवारों की मरम्मत, भूस्खलन के साए में जी रहे पत्थरकोट के ग्रामीण…
रिपोर्ट- (सुनील भारती) “स्टार खबर” नैनीताल…
पिथौरागढ़।
जिला पिथौरागढ़ की तहसील बंगापानी अंतर्गत ग्राम सभा पत्थरकोट के तोक भैलथौड एवं ग्राम सभा गैला के तोक रतगड़ी में भूस्खलन से क्षतिग्रस्त हुई सुरक्षा दीवारों की मरम्मत व सुरक्षात्मक कार्य आज तक नहीं किए गए हैं। इस कारण भैलथौड, रतगड़ी, भैंसखाली व जुलगीधार के ग्रामीण पिछले करीब 8 माह से भय के साए में जीवन यापन करने को मजबूर हैं।
भूस्खलन प्रभावित क्षेत्रों में लगातार पत्थर गिरने से कभी भी बड़ी अनहोनी की आशंका बनी हुई है। ग्रामीणों का कहना है कि बरसात के दौरान तहसील प्रशासन बंगापानी द्वारा सभी प्रभावित परिवारों को नोटिस जारी कर खतरे की चेतावनी दी गई थी और सुरक्षित स्थानों पर रहने के निर्देश दिए गए थे। इसके चलते कई परिवारों ने रिश्तेदारों के यहां एवं स्कूलों में शरण ली, लेकिन बरसात समाप्त होने के बाद भी प्रशासन द्वारा कोई सुरक्षात्मक कार्य नहीं कराया गया, जिससे प्रभावित परिवारों को दोबारा अपने पुराने, असुरक्षित घरों में लौटना पड़ा।
ग्रामीणों ने जिलाधिकारी पिथौरागढ़ से मांग की है कि ग्राम सभा पत्थरकोट के तोक भैलथौड, भैंसखाली, जुलगीधार तथा ग्राम सभा गैला के तोक रतगड़ी में तत्काल सुरक्षा दीवारों की मरम्मत व आवश्यक सुरक्षात्मक कार्य कराए जाएं, ताकि किसी अप्रिय घटना से बचा जा सके और लोगों को राहत मिल सके।
ग्रामीणों का आरोप है कि पूर्व में इस समस्या को लेकर जिलाधिकारी, अपर जिलाधिकारी एवं जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी को ज्ञापन सौंपे जा चुके हैं, लेकिन इसके बावजूद अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है।
उन्होंने चेतावनी दी है कि यदि शीघ्र समाधान नहीं हुआ तो वे मजबूरन तहसील बंगापानी एवं जिलाधिकारी कार्यालय पिथौरागढ़ में आंदोलन करेंगे, जिसकी संपूर्ण जिम्मेदारी शासन-प्रशासन की होगी।







