अंकिता भण्डारी हत्याकांड़.. हाईकोर्ट पहुंचा सुरेश राठौर हाईकोर्ट ने लगाई गिरफ्तारी पर रोक…क्यों आना पड़ा सुरेश राठौर को कोर्ट किसको हुए नोटिस पढें पूरी ख़बर..

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(चन्दन सिंह बिष्ट) “स्टार खबर”  हल्द्वानी नैनीताल

नैनीताल – राज्य में चर्चित अंकिता भण्डारी हत्या मामले में जो खुलाशे हुए उसके बाद राज्य भर में विरोध चल रहा है..इस मामले में आरोप लगाने वाली महिला और बीजेपी के पूर्व विधायक सुरेश राठौर की आँडियो आने के बाद कई कानूनी कार्रवाई भी शुरु हुई लेकिन अब मामला हाईकोर्ट पहुंचा है तो पूर्व विधायक सुरेश राठौर को हाईकोर्ट से बड़ी राहत मिली है..हाईकोर्ट ने 2 मामलों में सुरेश राठौर की गिरफ्तारी पर रोक लगा दी है और पक्षकारों समेत सरकार से जवाब मांगा है। कोर्ट ने माना कि ऐसा कोई बात इसमें वहीं है जिससे गिरफ्तारी पर रोक ना लगाई जा सके।
आपको बतादें कि अंकिता भण्डारी का केस दूसरी बार तब खुला जब उर्मिला सनावर ने कई खुलासे किये जिसमें कई बड़े नेताओं के नाम सामने आए..इसके बाद उर्मिला सनावर और सुरेश राठौर पर हरिद्वार से लेकर रुड़की तक मुकदमें दर्ज किये गये। हांलाकि पहली एफआईआर इन दोनों के खिलाफ बहादरा बाद थाने में दर्ज हुई जिसमें धर्मेन्द्र ने एफआईआर दर्ज कर छवि को धूमिल करने का आरोप लगाया वहीं देहरादून के नेहरु क्लोनी में भी आरती गौड़ ने मुकदमा दर्ज किया तो संचित कुमार ने भी एक एफआईआर दर्ज की..वहीं अब बीजेपी प्रदेश प्रभारी ने भी एक एफआईआर सुरेश राठौर व उर्मिला सनावर के खिलाफ दर्ज की है..इन एफआईआर को सुरेश राठौर ने हाईकोर्ट में चुनौती दी और कहा कि उन पर लगाए गये आरोप निराधार हैं लिहाजा एफआईआर को निरस्त किया जाए और उनकी गिरफ्तारी पर रोक लगाई जाए। कोर्ट ने पूरे मामले की सुनवाई के बाद सुरेश राठौर की गिरफ्तारी पर रोक लगा दी है। हाईकोर्ट में इस मामले की पैरवी कर रहे सुरेश राठौर के वकील वैभव सिंह चौहान ने बताया कि इस मामले में 4 एफआईआर दर्ज की गई थी जिसमें से 2 एफआईआर में गिरफ्तारी पर रोक लगाई गई है और भी जो अन्य एफआईआर दर्ज हैं उनको भी कोर्ट के सामने रखा जा रहा है। वैभव सिंह चौहान ने कहा कि इसमें आरोप ये लगाए गये थे कि दुष्यंत कुमार गौतम की छवि को धूमिल करने के लिये वीडियो सोशल मीडिया पर जारी की जा रही हैं..आज हाईकोर्ट ने इस पर सुरेश राठौर की गिरफ्तारी पर रोक लगाई गई है।