प्रो. मनोज आर्या बने डीएसबी परिसर के जंतु विज्ञान विभागाध्यक्ष… वन कीट विज्ञान और जैव विविधता के क्षेत्र में है विशेष योगदान.. रिपोर्ट- (सुनील भारती) “स्टार खबर” नैनीताल..

59

 

नैनीताल। कुमाऊं विश्वविद्यालय के डीएसबी परिसर स्थित जंतु विज्ञान विभाग के वरिष्ठ प्राध्यापक प्रो. मनोज कुमार आर्या को विभागाध्यक्ष नियुक्त किया गया है। उनका कार्यकाल तीन वर्ष का होगा। उन्होंने बुधवार को कार्यभार ग्रहण कर लिया। वन कीट विज्ञान, कीट जैव विविधता और पारिस्थितिकी के क्षेत्र में उनके लंबे अनुभव तथा उल्लेखनीय शोध योगदान को देखते हुए उनकी नियुक्ति को विभाग के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
प्रो. आर्या को अध्यापन का 18 वर्ष से अधिक और शोध का 21 वर्ष से अधिक का अनुभव है। वह प्रतिष्ठित शिक्षाविद् एवं शोधकर्ता हैं और एफआईएईएस की उपाधियों से सम्मानित हैं। उनके नाम तीन पुस्तकों और एक मोनोग्राफ के लेखन एवं संपादन का श्रेय है। राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय शोध पत्रिकाओं में उनके 70 से अधिक शोध पत्र प्रकाशित हो चुके हैं। इसके अलावा विभिन्न वैज्ञानिक पुस्तकों में उनके 30 से अधिक शोध अध्याय प्रकाशित हुए हैं।

●कई प्रतिष्ठित पुरस्कारों से सम्मानित..

प्रो. आर्या को शैक्षणिक एवं शोध कार्यों के लिए कई प्रतिष्ठित पुरस्कार मिल चुके हैं। वर्ष 2025 में उन्हें वैज्ञानिक अनुसंधान और उच्च शिक्षा के क्षेत्र में नवाचारपूर्ण योगदान के लिए ग्लोबल इनोवेटर अवॉर्ड प्रदान किया गया। वर्ष 2024 और 2025 में कुमाऊं विश्वविद्यालय के कुलपति की ओर से उन्हें प्राणी विज्ञान के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान के लिए आउटस्टैंडिंग मेंटर ऑफ द ईयर अवॉर्ड से सम्मानित किया गया। वर्ष 2022 में उन्हें जूलॉजिकल सोसाइटी ऑफ इंडिया का माधवी श्याम मेडल और इंटरनेशनल एकेडमी ऑफ साइंस एंड रिसर्च, कोलकाता का रिसर्च एक्सीलेंस अवॉर्ड मिला। वर्ष 2019 में भारतीय पर्यावरण विज्ञान अकादमी ने उन्हें इमर्जिंग यंग साइंटिस्ट गोल्ड मेडल प्रदान किया। इससे पहले वर्ष 2014 में 25वीं अखिल भारतीय जंतु विज्ञान कांग्रेस में भी उन्हें स्वर्ण पदक मिला था।

●सात शोधार्थियों को करा चुके हैं पीएचडी..

प्रो. आर्या अब तक 65 से अधिक राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय सम्मेलनों एवं संगोष्ठियों में भाग ले चुके हैं। वह विभिन्न वैज्ञानिक आयोजनों में तकनीकी सत्रों की अध्यक्षता भी कर चुके हैं। उनके निर्देशन में सात शोधार्थियों ने पीएचडी पूरी की है। इसके अलावा उन्होंने तीन शोध एवं परामर्श परियोजनाओं का संचालन किया है। वह कई राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय वैज्ञानिक शोध पत्रिकाओं के संपादकीय मंडल से जुड़े हैं तथा विभिन्न प्रतिष्ठित पत्रिकाओं में विशेषज्ञ समीक्षक की भूमिका भी निभा रहे हैं।प्रो. आर्या इंडियन साइंस कांग्रेस एसोसिएशन, इंडियन एकेडमी ऑफ एनवायरनमेंटल साइंसेज, जूलॉजिकल सोसाइटी ऑफ इंडिया और एसोसिएशन ऑफ एंटोमोलॉजिस्ट्स, पंजाब सहित कई वैज्ञानिक एवं शैक्षणिक संस्थाओं के आजीवन सदस्य हैं। वह देहरादून स्थित वन अनुसंधान संस्थान की अनुसंधान सलाहकार समिति के सदस्य भी रह चुके हैं।उनकी नियुक्ति से विभाग में शैक्षणिक गतिविधियों, शोध कार्यों और वैज्ञानिक अनुसंधान को नई दिशा मिलने की उम्मीद जताई जा रही है।

●प्राध्यापकों ने दी शुभकामनाएं..

प्रो. आर्या की नियुक्ति पर प्राणी विज्ञान विभाग के पूर्व विभागाध्यक्ष प्रो. एचसीएस बिष्ट, डॉ. मुकेश सामंत, डॉ. दीपक कुमार आर्या, डॉ. नेत्र पाल शर्मा, डॉ. सीता देवली, डॉ. दीपक चंद्र मेलकानी और डॉ. मोहित सिंह रौतेला ने बधाई दी। कुमाऊं विश्वविद्यालय शिक्षक संघ के अध्यक्ष प्रो. ललित तिवारी, विजिटिंग प्रोफेसर निदेशालय की निदेशक प्रो. नीलू लोधियाल, प्रो. अनिल बिष्ट, डॉ. कपिल खुल्बे, वाणिज्य विभागाध्यक्ष डॉ. विजय कुमार, डॉ. शिवांगी चन्याल, डॉ. दीपिका गोस्वामी, डॉ. हिमांशु लोहनी, डॉ. कुबेर गिनती और डीएसबी परिसर के निदेशक प्रो. संजय पंत सहित अन्य शिक्षकों ने भी उनके सफल कार्यकाल की कामना की। एलुमनी सेल के अध्यक्ष डॉ. बीएस कालाकोटी, डॉ. एसएस सामंत, ज्योति कांडपाल, डॉ. भुवन आर्य और डॉ. मीना पांडे ने भी शुभकामनाएं दीं।