सरोवर नगरी नैनीताल में उत्तराखंड सरकार व पुलिस प्रशासन की कार्यवाही से होटल एसोशिएशन व व्यापारिक संगठनों में भारी रोष..राज्य सरकार बेपरवाह…?

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सरोवर नगरी नैनीताल में उत्तराखंड सरकार व पुलिस प्रशासन की कार्यवाही से होटल एसोशिएशन व व्यापारिक संगठनों में भारी रोष..जल्द होंगे बड़े आन्दोलन…?

उत्तराखंड में यह चुनावी वर्ष है।प्रदेश में बिगड़ रही कानून व्यवस्था और बढ़ते अपराधों के मद्देनजर प्रदेश पुलिस नेतृत्व ने सभी शहरों में रात 11 बजे के बाद जन आवाजाही बिल्कुल बंद कर दी है।रात में टहलने वालों पर पुलिस का चाबुक चल रहा है।जबकि पर्यटन क्षेत्रों में ऐसे किसी नियमों की आवश्यकता नही होती क्योंकि पर्यटकों का ऐसे स्थलों में आगमन कभी भी हो सकता है।आपको बता दे कि व्यापार मंडल मल्लीताल ने कल भी पुलिस की इस कार्यवाही पर बड़ा बाजार से एक जुलूस निकालकर कोतवाली मल्लीताल में पुलिस उत्पीड़न पर जोरदार नारेबाज़ी की गई थी।आज भी व्यापारियों ने पुलिस प्रशासन पर अनावश्यक दबाव बनाने व बेवजह पर्यटकों को परेशान किये जाने का आरोप लगाकर कोतवाली मल्लीताल के समक्ष प्रदर्शन किया।इससे राज्य सरकार की कार्यशैली पर भी प्रश्न चिन्ह खड़े हो गए हैं।

 

सरोवर नगरी नैनीताल में पुलिस प्रशासन द्वारा रात 11 बजे जबर्दस्ती बाजारों को बंद किये जाने पर संगठनों में उबाल..जल्द ही ठोस कार्यनीति होगी तय…

होटल एसोसिएशन के अध्यक्ष दिग्विजयसिंह बिष्ट ने कहा कि पुलिस प्रशासन द्वारा मैदानी शहरों की तर्ज पर सरोवर नगरी नैनीताल में भी रोकटोक कर रात 11 बजे के बाद जो माहौल बनाया जा रहा है वह बिल्कुल गलत है।माँ नयना देवी व्यापार मंडल के अध्यक्ष पुनीत टंडन ने कहा कि पहले ही पर्यटक नगरपालिका द्वारा बेतरतीब बढ़ाये गए पार्किंग शुल्क ₹500/,झील नगरी एंट्री फीस के रूप में ₹300/ व ग्रीन सेस के छोटे वाहन के ₹80/ ये लगभग ₹900/ एक दिन के खर्च करने के चलते आगंतुकों की संख्या में भारी कमी आयी है।ऊपर से पुलिस प्रशासन की आवाजाही की सख्ती से व्यापारियों को रोज़ी रोटी के लाले पड़ने लगे है।मल्लीताल व्यापार मंडल के अध्यक्ष रहे किशन सिंह नेगी भी राज्य सरकार की नीतियों से काफ़ी ख़फ़ा नगर आये।उन्होंने कहा कि पुलिस की इन दमनकारी नीतियों को कतई बर्दाश्त नही किया जाएगा।और बड़े आंदोलन की रूपरेखा जल्द तैयारी की जाएगी।क्योंकि पर्यटन क्षेत्रो में पर्यटकों की आमद बढ़ाने के लिए सरकार की कोई कार्ययोजना नही है ऊपर से टूटी सड़कें,रुट डायवर्जन,केवल बुकिंग होने पर प्रवेश,नए पार्किंग स्थल न बनाये जाना आदि अनेक कारणों से भी आगंतुकों की संख्या में प्रतिवर्ष भारी गिरावट आ रही है।तल्लीताल व्यापार मंडल के अध्यक्ष रहे मारुति साह ने भी इस पुलिस कार्यवाही पर कड़ी आपत्ति दर्ज कराई।और इस कार्यवाही को तुरंत रोके जाने की बात कही।