सावधान….ये पुलिस नींद में है बच्चे वेग में बहते-बहते बचे….एक झटके में सैंकड़ों लोग नदी में बह सकते हैं….पहले भी हो चुके हैं हादसे कुछ की गई यहां जान..

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नैनीताल- एक तो वीक एंड उसके साथ 15 अगस्त की भीड़ और पर्यटकों की हिल स्टेशन पर भीड़ लेकिन पुलिस नदारत। गर्जिया मंदिर में कई बार नदीं में डूबने से पर्यटकों की मौत हो गयी लेकिन मानसूनी बारिश की चेतावनी के बाद भी नदी में सैंकड़ों लोग बेरोकटोक जा रहे हैं और नहा रहे है हालात ये है कि छोटे छोटे बच्चों की भी नदियों की लहरों के जाने की छूट दी गयी है जिससे बड़े खतरे का संकट दिख रहा है।  हालांकि सोशल मीडिया पर पुलिस बड़ा दम इस बात को लेकर भर रही थी की वो एक्टिव मोड़ पर है लेकिन धरातल पर हालात ऐसे हैं कि बड़े खतरे का अंदेशा दिख रहा है।

कोसी नदी में जान जोखिम में…

दरअसल मामला नैनीताल के रामनगर का है जहां गर्जिया मंदिर में देश भर से पर्यटक घूमने आ रहा हैं सुबह से ही मंदिर में भीड़ लगी है लेकिन इस भीड़ भाड़ के बाद पुलिस नदारत है। मंदिर के आसपास अव्यवस्था चरम पर है तो गाड़ियों से जाम से स्थानीय से लेकर टूरिस्ट तक परेशान है। इतना ही नहीं गर्जिया मंदिर के पास मानसून और बारिश की चेतावनी के बाद भी नदी में घंटों तक बच्चे बड़े बेरोकटोक नहाते नजर आए। कई बार तो ऐसा लगा कि कुछ बच्चों को पानी का वेग में बहा ना दे ना । करीब 2 घंटे तक हमारी टीम इस इलाके में रही तो वहां आये पर्यटक भी परेशान दिखे और अपनी शिकायत किसको कहें घूमते रहें। खोजकर भी पुलिस का कोई नुमाइंदा यहां नहीं दिखा तो लोग नदियों में एन्जॉय करते नजर आए। बड़ा सवाल ये था कि अगर पहाड़ों में हो रही बारिश से अचानक नदी का वेग बढ़ता और कोई हादसा हो जाता तब पुलिस हरकत के आती,नदी में लोग ऐसे बेरोकटोक जा रहे थे कि किसी ने निमंत्रण दिया है। आपको बतादें की कई बार गर्जिया में नदी में नहाते वक्त पर्यटकों डूबने से मौत हो गयी थी लेकिन इसके बाद भी पुलिस ने इनका संज्ञान नहीं लिया और मानसून के दौरान पर्यटकों को नदी में जाने की खुली छूट दे रखी है।